रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के तमनार क्षेत्र में आयोजित कथित फर्जी जनसुनवाई को लेकर विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ सामाजिक कार्यकर्ता भी इस जनसुनवाई का विरोध कर रहे हैं। इसी क्रम में विरोध प्रदर्शन में शामिल सामाजिक कार्यकर्ता दीपक शर्मा को पूंजीपथरा थाना पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जाने की खबर सामने आई है।
बताया जा रहा है कि तमनार के पास स्थित पूंजीपथरा थाना क्षेत्र में पुलिस ने दीपक शर्मा को हिरासत में लेकर थाने ले गई है। इस गिरफ्तारी को लेकर क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि दीपक शर्मा गांववालों के हक में आवाज उठा रहे थे और फर्जी जनसुनवाई का शांतिपूर्ण तरीके से विरोध कर रहे थे।
इस मामले पर आम आदमी पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष एवं अधिवक्ता प्रियंका शुक्ला ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। उन्होंने कहा कि फर्जी जनसुनवाई का विरोध करना कोई अपराध नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि गांववालों के साथ खड़े होकर जनहित में आवाज उठाने वाले दीपक शर्मा ने आखिर ऐसा कौन-सा गुनाह किया, जिसके चलते उन्हें गिरफ्तार किया गया।
प्रियंका शुक्ला ने आम नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की है कि जो भी साथी थाने तक पहुंच सकते हैं, वे वहां जाकर पुलिस अधिकारियों से बातचीत करें और गिरफ्तारी का कारण पूछें। उन्होंने मांग की है कि दीपक शर्मा समेत जिन लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है, उन्हें तत्काल रिहा किया जाए।
फिलहाल पुलिस की ओर से गिरफ्तारी को लेकर आधिकारिक बयान का इंतजार किया जा रहा है, वहीं तमनार क्षेत्र में चल रहे विरोध प्रदर्शन ने अब राजनीतिक और सामाजिक तूल पकड़ लिया है।














