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मेरी छवि धूमिल करने की वामपंथी साजिश: बसंत अग्रवाल

रायपुर। समाजसेवी बसंत अग्रवाल ने मीडिया और सोशल मीडिया में उनके खिलाफ चल रही खबरों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि उनके विरुद्ध लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह से बेबुनियाद, तथ्यहीन और उनकी छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से रची गई एक सोची-समझी साजिश हैं।
बसंत अग्रवाल ने कहा कि बिना तथ्यों की जांच किए मीडिया के एक वर्ग द्वारा उनके खिलाफ एकतरफा और भ्रामक खबरें प्रसारित की जा रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों का खंडन करते हैं और इनका वास्तविकता से कोई लेना-देना नहीं है।
उन्होंने इस पूरे मामले के पीछे वामपंथी विचारधारा से जुड़े कुछ लोगों का हाथ होने का आरोप लगाया। अग्रवाल के अनुसार, लगातार कुछ लोग योजनाबद्ध तरीके से उनकी छवि खराब करने का प्रयास कर रहे हैं। यह पहली बार नहीं है जब उन्हें इस तरह से निशाना बनाया गया हो। इससे पहले भी सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों में उनके खिलाफ खबरें प्रकाशित हुई थीं, जो बाद में असत्य साबित हुईं।
बसंत अग्रवाल ने प्रदेश की मीडिया और आम जनता से अपील करते हुए कहा कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले तथ्यों की पूरी तरह जांच की जाए और भ्रामक खबरों से सावधान रहा जाए। उन्होंने विश्वास जताया कि सच जल्द ही सामने आएगा और यह साजिश बेनकाब होगी।

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