अंबिकापुर। सड़क, पेयजल समस्या, अवैध प्लाटिंग और गांव में हो रही ब्लास्टिंग पर रोक लगाने की मांग को लेकर कांग्रेस ने स्थानीय ग्रामीणों के साथ अंबिकापुर से बलरामपुर जाने वाले नेशनल हाईवे-343 पर चक्का जाम कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर तय समय-सीमा में समस्याओं के समाधान की मांग की गई। मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी भी दी गई।
अंबिकापुर शहर सहित सरगुजा संभाग की जर्जर सड़कों को लेकर लगातार विरोध हो रहा है, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। सोमवार को हाईवे-343 पर हुए प्रदर्शन में ग्रामीणों ने सड़क की खराब स्थिति पर नाराजगी जताई। साथ ही गांव में पानी की समस्या और अवैध प्लाटिंग को लेकर भी आक्रोश व्यक्त किया।
प्रदेश महासचिव इंटक कांग्रेस शैलेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि लंबे समय से क्षेत्रवासी मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग ध्यान नहीं दे रहे। यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
चक्का जाम के कारण हाईवे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। खराब सड़क से गुजरने वाले वाहन चालकों ने भी समस्या को गंभीर बताया। उनका कहना है कि गड्ढों और उबड़-खाबड़ सड़क के कारण समय की बर्बादी के साथ वाहनों को भी नुकसान हो रहा है। कम दूरी तय करने में भी अधिक समय लग रहा है और ईंधन की खपत बढ़ रही है।
राहुल, वाहन चालक ने कहा कि सड़क की स्थिति बेहद खराब है, जिससे रोजाना दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
अजय, ऑटो चालक ने बताया कि खराब सड़क के कारण यात्रियों को भी परेशानी होती है और वाहन की मरम्मत पर अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ता है।
सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभाली। प्रशासनिक अधिकारियों के पहुंचने के बाद प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों से उन्हें अवगत कराया। नया तहसीलदार और पीएचई विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और समस्याओं के शीघ्र निराकरण का आश्वासन दिया।
ओमकार सिंह, कार्यपालन अभियंता, पीएचई ने कहा कि पेयजल संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
जयस कंवर, नायब तहसीलदार ने बताया कि संबंधित विभागों को अवगत कराते हुए नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
गौरतलब है कि कुछ दिन पूर्व अंबिकापुर दौरे पर आए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सड़क निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया पूर्ण होने की बात कही थी, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है। ऐसे में लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। अब देखना होगा कि इस प्रदर्शन के बाद हाईवे-343 के निर्माण कार्य में तेजी आती है या फिर क्षेत्रवासियों को दोबारा आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा।


















