संजय रजक अम्बिकापुर | कांग्रेस से निष्कासित रामानुजगंज के पूर्व विधायक बृहस्पति सिंह के एक ताजा बयान ने सरगुजा कांग्रेस की राजनीति में हलचल मचा दी है। सिंह ने कांग्रेस सरगुजा के जिला अध्यक्ष बालकृष्ण पाठक उर्फ मल्लू पाठक पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया कि पाठक पहले एक अपराध मामले में लंबे समय तक फरार रहे हैं और रामानुजगंज में छिपे हुए थे। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सरगुजा जिला कांग्रेस अध्यक्ष वही करते हैं जो पूर्व डिप्टी सीएम टी.एस. सिंहदेव कहते हैं।
बृहस्पति सिंह के इस बयान से पहले उन्होंने कांग्रेस की सरगुजा प्रभारी जरीता लैतफलांग पर जिला अध्यक्षों की नियुक्ति में पैसों के लेन-देन का आरोप लगाया था। इस मामले को लेकर कांग्रेस कमेटी सरगुजा ने थाने पहुंचकर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी। अब उनके नए बयान ने विवाद को और गहरा दिया है।
इस पर कांग्रेस सरगुजा जिला अध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने पलटवार करते हुए कहा कि वे रामानुजगंज पढ़ाई के उद्देश्य से गए थे, किसी अपराध में शामिल नहीं थे। उन्होंने कहा कि बृहस्पति सिंह खुद हमेशा विवादों में रहने के आदी हैं। स्कूल में कई बार मार खाने के बाद भी पास नहीं हो पाए और अब चर्चाओं में बने रहने के लिए निराधार आरोप लगा रहे हैं।
पाठक ने कहा कि बृहस्पति सिंह के सारे आरोप झूठे हैं और वे रिमोट कंट्रोल से चलने वाले नेता बन गए हैं।
राजनीतिक गलियारों में बृहस्पति सिंह के लगातार विवादित बयानों को लेकर चर्चाएं तेज हैं। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी उनके हालिया आरोपों को अनुशासनहीनता बताते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी है।














