अंबिकापुर। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के दौरान 11 लोगों की जान बचाने वाले वीर नजाकत अली इन दिनों अंबिकापुर पहुंचे हुए हैं। बुधवार को उन्होंने प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव से उनके निवास तपस्या में मुलाकात की। इस दौरान सिंहदेव ने नजाकत अली के साहसिक कार्य की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित किया।
पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव ने नजाकत अली से उस भीषण घटना के बारे में विस्तार से चर्चा की, जिसमें उन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना 11 लोगों को आतंकियों के बीच से सुरक्षित निकाला था। सिंहदेव ने नजाकत के इस अदम्य साहस की तारीफ करते हुए उन्हें शॉल और प्रोत्साहन राशि देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि ऐसे बहादुर नागरिकों को विशेष दर्जा और सम्मान मिलना चाहिए, जो दूसरों की जान बचाने के लिए अपने प्राणों की परवाह नहीं करते।
टीएस सिंहदेव पूर्व उपमुख्यमंत्री नजाकत अली जैसे साहसी लोगों पर देश को गर्व है। उनके कार्यों से इंसानियत की मिसाल कायम हुई है। सरकार को चाहिए कि ऐसे लोगों को विशेष सम्मान दिया जाए।
सिंहदेव से मुलाकात के बाद मीडिया से चर्चा में नजाकत अली ने बताया कि उन्हें सिंहदेव से मिलकर बहुत खुशी हुई है और उनके कार्यों की सराहना के लिए वे आभारी हैं। उन्होंने कहा कि 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के दौरान वे प्रत्यक्षदर्शी थे और आतंकियों के बीच फंसे 11 लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में सफल रहे।
नजाकत अली हर साल ठंड के मौसम में अंबिकापुर आकर कश्मीरी गर्म कपड़ों का व्यापार करते हैं, जबकि जम्मू-कश्मीर में वे टूरिज्म व्यवसाय से जुड़े हैं।
नजाकत अली पहलगाम में वो पल बेहद डरावने थे, लेकिन मैंने हिम्मत नहीं हारी। मेरी कोशिश थी कि किसी भी तरह उन 11 लोगों की जान बचाई जा सके। आज यहां आकर लोगों का प्यार और सम्मान देखकर बहुत अच्छा लग रहा है।














